बारिश के बाद आकाश में सात रंगों का इंद्रधनुष कैसे बन जाता है?
इंद्रधनुष तब बनता है जब सूरज की रोशनी और बारिश की बूँदें साथ मिलती हैं।
जब सूरज की सफेद रोशनी बारिश की गोल बूँद में जाती है, तो वह बूँद एक छोटे प्रिज़्म की तरह काम करती है। रोशनी बूँद के अंदर मुड़ती है, पीछे की दीवार से टकराती है और वापस बाहर आती है।
इस प्रक्रिया में सफेद रोशनी सात रंगों में बँट जाती है — लाल, नारंगी, पीला, हरा, नीला, जामुनी, बैंगनी।
हम इंद्रधनुष तभी देख सकते हैं जब सूरज हमारी पीठ की तरफ हो और बारिश हमारे सामने।
मज़ेदार तथ्य: इंद्रधनुष असल में एक पूरा गोल घेरा होता है! हम ज़मीन पर खड़े होकर सिर्फ आधा देख पाते हैं। हवाई जहाज़ से पूरा गोल इंद्रधनुष दिखता है!
घर पर करो: धूप में एक कटोरे में पानी रखो और उसमें एक छोटा आईना डालो। आईने पर धूप पड़ने दो — दीवार पर इंद्रधनुष दिखेगा!